मानव जीवन एक चमत्कार।

मानव का जीवन अपने आप में एक बहुत बड़ा चमत्कार है।भारतीय संस्कृति के अनुसार टोटल 8200000(बेरासी लाख योनिया) है मतलब इतने प्रकार के जीव इस जगत में पाए जाते है।आज का Science कितने प्रकार के जीवो का खोज किया ये तो मै नहीं बता सकता परन्तु भारत के लोग सदियों से इस बात से परिचित थे कि 82 लाख जीव इस धरा पर पाए जाते है इसके अतिरिक्त वे ये भी जानते थे कि पृथ्वी के सामने दूसरे धरा पर भी जीवन है।जिसे आज का Science खोज रहा है।आमतौर जिसे Science "एलियन"कहता है।।

    खैर जो हो यह एक अलग Matter है।मै कहना चाह रहा था कि मानव जीवन कितना बड़ा चमत्कार है।आइए समझते है...

   आप सभी लोग इस बात से भलीभांति परिचित है कि दुनिया में सबसे विकसित प्राणी" मानव" ही है।जिसको बनाने में प्रकृति ने सबसे अधिक मेहनत किया क्योंकि मानव जीवन सबसे जटिल प्रक्रिया है।

                      कोई चीज चमत्कार है यह कब समझ में आता है जब कोई चीज सभी के लिए अनजान हो और जब वो चीज लोगो के सामने आ जाता है तो चमत्कार सा लगने लगता है क्योंकि आप ऐसा पहले कभी नहीं देखे थे।यदि कोई विशेष चीज हमारे बीच होती है या घटती है तो लोग प्रभावित नहीं होते क्योंकि वो चीजे उनके जन्म से घट रही होती है लेकिन जब उन्ही सारी चीजों को लेकर कोई विशेष व्यक्ति कोई विशेष काम कर जाते है तो लोग उसे चमत्कार समझने लगते है।।

       जैसे:-- भगवान बुद्ध ,राम भक्त तुलसीदास,स्वामी विवेकानंद,वर्तमान दिव्यदर्शी महापुरुष सदगुरु "जग्गी वासुदेव" आदि।

   ये महापुरुष "योग और ध्यान "से वर्तमान, भूत और भविष्य तीनों कालो में घटने वाली घटनाओं को जान सकते थे।।मानव, जानवरो की तरह जीवन जीता रहा तो समझ लीजिए कि वो मानव जीवन के चमत्कार से अनभिज्ञ है और शरीर का इस्तेमाल एक वस्तु की तरह कर रहा है।वो कभी जानने का प्रयास नहीं करता कि वो कौन है, क्या है और इस दुनिया में क्यों आया।जो व्यक्ति यह जानने का प्रयास करते है वो ही समझ सकते है कि मानव जीवन एक जबरदस्त चमत्कार है।इस जीवन को यू ही नष्ट नहीं करना चाहिए।

    महापुरुषों के बताए रास्ते पर चलकर ही आप अपना जीवन सफल बना सकते है।पैसा कमाना और चार बीबिया रखना मानव जीवन का लक्ष्य नहीं हो सकता।।

Comments